ऐसी होगी मेरी मोहब्बत…

मेरी मोहब्बत उस पर ही बरसेगी जो मेरा दिल जीतेगी,
अपने अभिमान से ज्यादा अपनों को सम्मान देगी।

हर हाल में साथ और दुविधा में भी हौसला बढ़ा देगी,
मेरी गलती पर नाराज़ होगी फिर गुस्से में मुस्करा देगी।

मेरी मोहब्बत उस पर ही बरसेंगी जो मेरा दिल जीतेगी,
ना आंधी ना बरसात में काम होगा मेरा जो विश्वास उस पर होगा।

नादान भले होगी वो पर अपनी बाते मुझे समझा देगी,
समझेगी मेरे हालात को और फिर उसमे जो मेरा साथ देगी।

उदास होगी और फिर हस्ते हुए मुझे भी रूला देगी,
कुछ ऐसी होगी वो जो मेरा जीवन भर साथ देगी।

मेरे दिलो दिमाग में जो रहेगी और मेरी ज़िन्दगी में जो खुराफात करेगी,
दोस्तों ऐसी होगी तुम्हारी भाभी जो तुमको कभी भैया तो कभी देवर कहेगी।

जो मिल जाएगी तू…

तेरे इंतज़ार में कैसे कटता है वक़्त ना पूछ मुझसे,
तेरे बगैर तन्हा रहता हूँ कैसे ना पूछ मुझसे,
तू ही तू चाहिए दिल की गहराइयो में,
जीता हूँ तेरे बगैर कैसे ना पूछ मुझसे,
जो मिल जाएगी तू तो होगी कितनी ख़ुशी ना पूछ मुझसे।